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बॉलीवुड की दिग्गज एक्ट्रेस का डांस से रिश्ता महज 3 साल की उम्र में शुरू हो गया था. उन्होंने 9 साल की उम्र में कथक के लिए स्कॉलरशिप जीती और करियर की शुरुआत माइक्रोबायोलॉजिस्ट बनने के इरादे से की थी. 1984 में फिल्म ‘अबोध’ से डेब्यू के बाद उन्हें 1988 की फिल्म ‘तेजाब’ के गाने ने सुपरस्टार बना दिया. 90 के दशक में ‘दिल’, ‘बेटा’ और ‘हम आपके हैं कौन’ जैसी फिल्मों से उन्होंने इंडस्ट्री पर राज किया. उन्होंने शादी के बाद ब्रेक लेने के बावजूद ‘आजा नचले’ और ‘देवदास’ जैसी फिल्मों से शानदार वापसी की. आज भी उनकी अदाकारी और डांस का जादू बरकरार है.

नई दिल्ली: जब भी बॉलीवुड की ‘धक धक गर्ल’ का जिक्र होता है, तो आंखों के सामने वही प्यारी सी मुस्कान और शानदार डांसिंग स्टाइल आ जाता है. हम बात कर रहे हैं माधुरी दीक्षित की, जिन्होंने अपनी अदाकारी और डांस से दर्शकों के दिलों पर दशकों तक राज किया है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि माधुरी के इस हुनर की नींव उनके बचपन में ही पड़ गई थी?

माधुरी दीक्षित का डांस से नाता तब जुड़ा जब वह महज 3 साल की थीं. छोटी सी उम्र से ही उन्होंने ठुमकना शुरू कर दिया था. उनके भीतर डांस को लेकर इतना जुनून था कि उन्होंने बहुत ही कम उम्र में कथक सीखना शुरू किया. उनकी मेहनत का फल उन्हें तब मिला जब 9 साल की उम्र में उन्हें पहली बार डांस के लिए स्कॉलरशिप मिली.

15 मई 1967 को मुंबई में जन्मी माधुरी बचपन से ही पढ़ाई के साथ-साथ कल्चरल एक्टिविटीज में बहुत आगे रहती थीं. दिलचस्प बात यह है कि वह हमेशा से एक्ट्रेस नहीं बनना चाहती थीं. अपनी स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने कॉलेज में माइक्रोबायोलॉजिस्ट बनने के लिए एडमिशन लिया था, लेकिन शायद किस्मत ने उनके लिए कुछ और ही सोच रखा था.
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माधुरी का फिल्मी सफर 1984 में राजश्री प्रोडक्शंस की फिल्म ‘अबोध’ से शुरू हुआ. हालांकि यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कोई बड़ा धमाका नहीं कर पाई, लेकिन फिल्म क्रिटिक्स ने माधुरी की एक्टिंग और उनकी सादगी को खूब सराहा. इसके बाद उन्होंने कई फिल्मों में काम किया, पर उस एक बड़ी सफलता का इंतजार खत्म नहीं हो रहा था.

साल 1988 में आई फिल्म ‘तेजाब’ माधुरी के करियर का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुई. इस फिल्म के गाने ‘एक दो तीन’ में मोहिनी बनकर उन्होंने जो डांस किया, उसने उन्हें रातों-रात सुपरस्टार बना दिया. इसके बाद तो जैसे माधुरी की कामयाबी का सिलसिला चल पड़ा और वह 90 के दशक की सबसे बड़ी फीमेल स्टार बन गईं.

90 के दशक में माधुरी ने ‘दिल’, ‘बेटा’, ‘हम आपके हैं कौन’ और ‘दिल तो पागल है’ जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्में दीं. इन फिल्मों के लिए उन्हें कई फिल्मफेयर अवॉर्ड्स भी मिले. चाहे इमोशनल सीन हो या फिर जबरदस्त डांस नंबर, माधुरी हर मामले में अव्वल रहीं. उनके डांस स्टेप्स को लोग आज भी कॉपी करने की कोशिश करते हैं.

1999 में जब माधुरी ने डॉ. श्रीराम नेने से शादी की, तो उन्होंने अचानक फिल्मों से दूरी बना ली और अमेरिका शिफ्ट हो गईं. फैन्स को लगा कि अब शायद ही ‘मोहिनी’ दोबारा पर्दे पर दिखेगी, लेकिन 2007 में उन्होंने फिल्म ‘आजा नचले’ से शानदार वापसी की. इसके बाद ‘देवदास’ में उनके चंद्रमुखी के रोल को तो कभी भुलाया ही नहीं जा सकता.

आज भी माधुरी दीक्षित उतनी ही एक्टिव हैं. वे न केवल फिल्मों में मजबूत भूमिकाएं निभा रही हैं, बल्कि छोटे पर्दे पर रियलिटी शोज में बतौर जज भी नजर आती हैं. अपनी प्रोडक्शन कंपनी और डिजिटल वर्ल्ड के जरिए वे आज भी अपने फैन्स से जुड़ी हुई हैं. वाकई, उनका यह सफर हर कलाकार के लिए एक प्रेरणा है.