Traditional Rabdi Recipe: बाड़मेर सहित पश्चिमी राजस्थान में ‘राबड़ी’ आधुनिक फास्ट फूड को कड़ी टक्कर दे रही है. बाजरा-ज्वार और छाछ से बनी यह राबड़ी भीषण गर्मी में शरीर को ठंडक देने के साथ-साथ पाचन में भी सहायक है. बुजुर्ग इसे एक ‘देसी सुपरफूड’ मानते हैं जो डायबिटीज और बीपी जैसी बीमारियों से बचाने में कारगर है. घंटों की मेहनत से तैयार होने वाली राबड़ी आज भी राजस्थान की संस्कृति और सेहत का आधार बनी हुई है. रेगिस्तानी इलाकों में जब तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच जाता है, तब राबड़ी शरीर को ठंडक पहुंचाने और लू के असर को कम करने में रामबाण का काम करती है. ग्रामीण अंचलों में ज्येष्ठ सुदी चतुर्थी को ‘राबड़ी दिवस’ के रूप में मनाया जाता है, जहां परिवार के लोग एक साथ बैठकर इस पारंपरिक भोजन का आनंद लेते हैं.
