एक पौधा, कई फायदे! सहजन क्यों बनता जा रहा है हर घर की जरूरत, जानिए सही तरीका

एक पौधा, कई फायदे! सहजन क्यों बनता जा रहा है हर घर की जरूरत, जानिए सही तरीका


Last Updated:

आयुर्वेद में कई ऐसे पौधों का जिक्र मिलता है, जो सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं हैं. इन्हीं में से एक है सहजन, जिसे मोरिंगा के नाम से भी जाना जाता है. इसकी पत्तियों से लेकर फूल और बीज तक हर हिस्सा पोषक तत्वों से भरपूर होता है. यही वजह है कि आज के समय में मोरिंगा को सुपरफूड के रूप में देखा जा रहा है, जो शरीर को कई तरह की बीमारियों से बचाने में मदद करता है.

सहजन

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के तराई इलाके में कई ऐसे पेड़ पाए जाते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद माने जाते हैं. आयुर्वेद में हर पेड़ का अपना अलग महत्व बताया गया है. इन्हीं में से एक सहजन का पेड़ है, जो हर जगह आसानी से नहीं मिलता, लेकिन इसके गुण बेहद खास होते हैं. सहजन की सब्जी से लेकर इसका अचार तक लोगों को खूब पसंद आता है और यह स्वाद के साथ सेहत के लिए भी लाभकारी माना जाता है.

सहजन

मोरिंगा (सहजन) की पत्तियां, फलियां और बीजों की बाजार में भारी मांग रहती है, क्योंकि इसमें भरपूर औषधीय गुण पाए जाते हैं. इसके फूल, पत्तियां और छाल पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं, जो खासतौर पर विटामिन और प्रोटीन की कमी से जूझ रहे लोगों के लिए बेहद फायदेमंद माने जाते हैं. इसी वजह से इसकी डिमांड लगातार बनी रहती है. सहजन को सुखाकर उसका पाउडर बनाकर भी सेवन किया जाता है. वहीं बाजार में सहजन का अचार करीब 200 रुपये प्रति किलो तक बिकता है.

सहजन

सहजन के फूलों में प्रोटीन, कैल्शियम, आयरन और एंटीऑक्सीडेंट जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं. ये तत्व शरीर की मांसपेशियों और हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करते हैं. साथ ही एंटीऑक्सीडेंट शरीर की कोशिकाओं को फ्री रेडिकल्स से बचाने में सहायक होते हैं. सहजन के फूलों से बना सूप स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभकारी माना जाता है.

Add News18 as
Preferred Source on Google

सहजन

अगर आप डायबिटीज जैसी समस्या से परेशान हैं, तो सहजन का पौधा आपके लिए फायदेमंद हो सकता है. इसकी पत्तियों में मौजूद एस्कॉर्बिक एसिड शरीर में इंसुलिन के स्राव को बढ़ाने में मदद करता है, जिससे ब्लड शुगर लेवल नियंत्रित रहता है. इसी कारण सहजन की पत्तियों का सेवन डायबिटीज के मरीजों के लिए लाभकारी माना जाता है.

सहजन

कोलेस्ट्रॉल और वजन जैसी समस्याओं से राहत पाने के लिए सहजन (मोरिंगा) की पत्तियों का सेवन फायदेमंद माना जाता है. यह शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करती हैं और पेट की जिद्दी चर्बी घटाने में भी सहायक होती हैं, क्योंकि ये फैट को ऊर्जा में बदलने का काम करती हैं. साथ ही, इनमें मौजूद पोषक तत्व पाचन तंत्र को बेहतर बनाते हैं और भोजन को तेजी से ऊर्जा में परिवर्तित करने में मदद करते हैं.

सहजन

राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय की डॉक्टर ऋचा श्रीवास्तव ने बताया कि मोरिंगा की तासीर गर्म होती है, इसलिए इसका सेवन संतुलित मात्रा में ही करना चाहिए. रोजाना करीब 10-15 ग्राम पत्तियां या 1-2 चम्मच पाउडर पर्याप्त माना जाता है. हालांकि सहजन स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद है, इसी वजह से इसकी बाजार में लगातार मांग बनी रहती है.

सहजन

मोरिंगा में विटामिन A, विटामिन B1, विटामिन B2, विटामिन B3, विटामिन C, कैल्शियम, पोटैशियम, आयरन, मैग्नीशियम और फॉस्फोरस जैसे कई पोषक तत्व पाए जाते हैं. इसकी पौष्टिकता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि इसमें संतरे की तुलना में कई गुना अधिक विटामिन C होता है. अगर आपको कब्ज, गैस या अपच की समस्या रहती है, तो मोरिंगा पाउडर काफी मददगार हो सकता है, क्योंकि इसमें भरपूर मात्रा में फाइबर मौजूद होता है.

सहजन

मोरिंगा पाउडर में मौजूद प्रोटीन, आयरन और जिंक बालों की ग्रोथ को बढ़ावा देते हैं और हेयर फॉलिकल्स को मजबूत बनाने में मदद करते हैं. नियमित सेवन या मोरिंगा ऑयल के साथ बाहरी उपयोग से डैंड्रफ और रूखापन कम हो सकता है, जिससे स्किन और स्कैल्प से जुड़ी समस्याओं में भी राहत मिलती है. इसके अलावा, मोरिंगा पाउडर में विटामिन A, E और एंटीऑक्सिडेंट्स पाए जाते हैं, जो फाइन लाइन्स, झुर्रियों और मुहांसों को कम करने में सहायक होते हैं और त्वचा को स्वस्थ व निखरा हुआ बनाए रखते हैं.



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *