शरीर के लिए ‘फिल्टर’ का काम करती हैं इस पौधे की पत्तियां! सुबह खाली पेट करें सेवन, कई बीमारियों में कारगर

शरीर के लिए ‘फिल्टर’ का काम करती हैं इस पौधे की पत्तियां! सुबह खाली पेट करें सेवन, कई बीमारियों में कारगर


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Chandauli News: ज्यादातर घरों में तुलसी की पूजा होती है और इस पौधे को पवित्र माना जाता है. इसके साथ ही तुलसी के कई औषधीय गुण भी हैं. आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि तुलसी में वो कौन-कौन से गुण हैं और किन समस्याओं में यह कारगर है.

चंदौली: भारत में लगभग हर घर में तुलसी का पौधा पाया जाता है. इसे धार्मिक दृष्टि से बेहद पवित्र माना जाता है और नियमित रूप से पूजा भी की जाती है, लेकिन तुलसी केवल आस्था का प्रतीक ही नहीं, बल्कि यह एक शक्तिशाली औषधीय पौधा भी है. आयुर्वेद में तुलसी के पत्तों को कई बीमारियों के उपचार में उपयोगी बताया गया है.

डॉक्टर रिद्धी पांडे ने लोकल 18 से बातचीत में बताया कि तुलसी में एंटीबैक्टीरियल, एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं. यही कारण है कि इसे कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं में इस्तेमाल किया जा सकता है. उन्होंने तुलसी के उपयोग के कुछ प्रमुख तरीके बताए हैं, जो रोजमर्रा की जिंदगी में बेहद लाभकारी साबित हो सकते हैं.

बेहद कारगर माना जाता है तुलसी का सेवन 
सबसे पहले, पाचन तंत्र को दुरुस्त रखने के लिए तुलसी का सेवन बेहद कारगर माना जाता है. यदि किसी व्यक्ति को पेट साफ न होने या कब्ज की समस्या रहती है, तो सुबह खाली पेट गुनगुने पानी में तुलसी के पत्तों का पेस्ट और आधा नींबू मिलाकर पीने की सलाह दी जाती है. इससे शरीर का डिटॉक्स होता है, पाचन बेहतर होता है और लीवर भी साफ रहता है. नियमित सेवन से शरीर में ऊर्जा बनी रहती है और व्यक्ति पूरे दिन तरोताजा महसूस करता है.

रोग प्रतिरोधक क्षमता को करता है मजबूत 
डॉक्टर रिद्धी के अनुसार, त्वचा की देखभाल में भी तुलसी का विशेष महत्व है. आजकल बाजार में मिलने वाले कई स्किन केयर उत्पादों जैसे फेस वॉश और क्रीम में तुलसी और नीम का उपयोग किया जाता है. घर पर भी तुलसी के पत्तों को पीसकर टोनर या सीरम की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है. रात में इसे चेहरे पर लगाने से त्वचा साफ और चमकदार बनती है.

इसके अलावा, डार्क सर्कल की समस्या में भी तुलसी के पत्तों का पेस्ट आंखों के नीचे लगाने से लाभ मिलता है. सर्दी-खांसी जैसी समस्याओं में भी तुलसी बेहद प्रभावी है. काढ़ा बनाते समय इसमें तुलसी के पत्ते, तेज पत्ता, काली मिर्च और शहद मिलाकर पीने से खांसी, कफ और एलर्जी में राहत मिलती है. यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को भी मजबूत करता है.

स्वस्थ रखने में निभाती है महत्वपूर्ण भूमिका 
डॉक्टर पांडे ने बताया कि बुखार की स्थिति में भी तुलसी का उपयोग किया जा सकता है. चाय में तुलसी के पत्ते डालकर पीने से शरीर को राहत मिलती है. हर्बल या ग्रीन टी में तुलसी मिलाकर पीना स्वास्थ्य के लिए और भी फायदेमंद माना जाता है. तुलसी एक ऐसा पौधा है, जो आसानी से हर घर में उपलब्ध होता है और इसके नियमित उपयोग से कई छोटी-बड़ी बीमारियों से बचाव संभव है. हालांकि, इसका सेवन संतुलित मात्रा में ही करना चाहिए. बता दें कि तुलसी न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह एक प्राकृतिक औषधि भी है, जो शरीर को स्वस्थ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है.

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आर्यन सेठ

आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए.

Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.



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